Sarguja express….
अंबिकापुर। राजापुर उप तहसील में नायब तहसीलदार और सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो के बीच हुए विवाद के बाद प्रदेशभर में चल रही तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं राजस्व अमले की अनिश्चितकालीन हड़ताल को लेकर अब आम जनता की परेशानियों का मुद्दा भी सामने आने लगा है। इस संबंध में हाईकोर्ट अधिवक्ता एवं सामाजिक कार्यकर्ता धीरेंद्र शर्मा ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नाम संभागायुक्त को आवेदन सौंपकर शीघ्र समाधान निकालने की मांग की है।
आवेदन में कहा गया है कि राजस्व अधिकारियों और कर्मचारियों की हड़ताल के कारण तहसीलों में कामकाज प्रभावित हो रहा है, जिससे आम जनता एवं विभिन्न मामलों के पक्षकारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नामांतरण, बंटवारा, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र, राजस्व अभिलेखों से जुड़े कार्य तथा अन्य प्रशासनिक सेवाएं प्रभावित होने से लोगों को दिक्कतें हो रही हैं।
धीरेंद्र शर्मा ने अपने आवेदन में उल्लेख किया है कि राजापुर उप तहसील में नायब तहसीलदार और विधायक के बीच हुई घटना को लेकर राजस्व अमला हड़ताल पर बैठा हुआ है। उनका कहना है कि लंबे समय तक कामकाज बंद रहने से आमजन के हित प्रभावित हो रहे हैं और शासन-प्रशासन को इस दिशा में शीघ्र पहल करनी चाहिए।
उन्होंने सेवा आचरण नियम 1965 का उल्लेख करते हुए कहा कि शासकीय सेवाओं से जुड़े मामलों में काम बंद करना, सामूहिक अवकाश पर जाना अथवा पेन डाउन आंदोलन करना गंभीर कदाचार की श्रेणी में माना गया है। ऐसे में प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित रखने के लिए आवश्यक कदम उठाना जरूरी है।
आवेदन में मुख्यमंत्री, जनप्रतिनिधियों तथा प्रशासनिक अधिकारियों से आग्रह किया गया है कि सभी पक्षों के बीच संवाद स्थापित कर आपसी समझौते और सहमति के आधार पर विवाद का समाधान निकाला जाए, ताकि राजस्व विभाग का कामकाज सामान्य हो सके और आम जनता को राहत मिल सके।
धीरेंद्र शर्मा ने कहा कि किसी भी विवाद का समाधान बातचीत और संवैधानिक प्रक्रिया के माध्यम से होना चाहिए। उन्होंने शासन से जल्द हस्तक्षेप कर हड़ताल समाप्त कराने तथा प्रभावित लोगों के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि शासन स्तर पर सकारात्मक पहल कर राजस्व सेवाओं को शीघ्र बहाल किया जाएगा, जिससे आम नागरिकों और अधिवक्ताओं को हो रही परेशानियों का समाधान हो सके।

