Sarguja express…..
अंबिकापुर। प्रदेश के कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने आज पचपेढ़ी ट्रांसपोर्ट नगर स्थित डबललॉक खाद भंडार केंद्र, बीज निगम अजीरमा तथा सरगंवा सहकारी समिति का औचक निरीक्षण कर खाद एवं बीज के भंडारण, उपलब्धता तथा गुणवत्ता का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान मंत्री श्री नेताम ने अधिकारियों से खाद एवं बीज की उपलब्धता की विस्तृत जानकारी प्राप्त की तथा स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि किसानों की एक भी शिकायत प्राप्त होती है तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही निर्देशित किया कि किसी भी भंडारण केंद्र में खाद की कमी होने पर तत्काल इसकी सूचना उन्हें दी जाए, ताकि समय रहते आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।
कृषि मंत्री ने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश में कहीं भी डुप्लीकेट खाद अथवा बीज के विक्रय की सूचना मिलने पर तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने दुकानों से हाइब्रिड बीज के नमूने लेकर प्रयोगशाला में जांच हेतु भेजने के भी निर्देश दिए, ताकि किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराया जा सके।
बीज निगम अजीरमा के गोदाम का निरीक्षण करते हुए मंत्री श्री नेताम ने उपलब्ध बीजों की जानकारी ली तथा अधिकारियों को आगामी रबी सीजन की तैयारियां अभी से प्रारंभ करने एवं पर्याप्त मात्रा में बीज का भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नवानगर के एडीओ के संबंध में लगातार प्राप्त हो रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए मंत्री श्री नेताम ने संबंधित अधिकारी को वहां से हटाने के निर्देश भी दिए।
पत्रकारों से चर्चा करते हुए कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने कहा कि वैश्विक परिस्थितियों के कारण खाद आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका थी, लेकिन मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने कालाबाजारी एवं अवैध भंडारण के विरुद्ध सख्त कार्रवाई कर प्रदेशभर में खाद की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित की। उन्होंने कहा कि प्रत्येक किसान को उसकी आवश्यकता के अनुरूप खाद उपलब्ध कराया गया है।
मंत्री श्री नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ के इतिहास में खाद की कालाबाजारी और अवैध भंडारण के विरुद्ध इतनी व्यापक कार्रवाई पहले कभी नहीं हुई। इसी का परिणाम है कि इस बार कालाबाजारी करने वालों के मंसूबे सफल नहीं हो सके। उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए आगे भी इसी प्रकार कठोर कार्रवाई जारी रखेगी।
उन्होंने कहा कि “किसानों का हित हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। गुणवत्तापूर्ण खाद और बीज की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करना राज्य सरकार की प्रतिबद्धता है तथा इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”

