Sarguja express
अंबिकापुर। नाबालिग बच्चों को वाहन की चाबी सौंपना सरगुजा में तीन वाहन मालिकों को महंगा पड़ गया। अंडरएज ड्राइविंग के तीन मामलों में यातायात पुलिस की कार्रवाई के बाद न्यायालय ने प्रत्येक वाहन मालिक पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। इस तरह तीनों वाहन मालिकों को कुल 75 हजार रुपये का जुर्माना भरना पड़ा। सरगुजा पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नाबालिगों के वाहन चलाने के खिलाफ यह कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा राजेश अग्रवाल के निर्देशन में यातायात पुलिस तथा जिले के थाना-चौकी क्षेत्रों में अंडरएज ड्राइविंग को लेकर पहले जागरूकता अभियान चलाया गया था। विभिन्न शिक्षण संस्थानों में छात्र-छात्राओं को यातायात नियमों की जानकारी देने के साथ अभिभावकों को भी समझाइश दी गई थी कि वे बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस अपने नाबालिग बच्चों को वाहन न दें।
समझाइश के बाद अब सख्ती, तीन मामले कोर्ट पहुंचे
पुलिस के अनुसार जागरूकता अभियान के बाद अब नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्ती शुरू की गई है। यातायात पुलिस ने वाहन चलाते मिले तीन नाबालिगों के मामलों में उनके परिजनों यानी वाहन मालिकों के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई कर प्रकरण न्यायालय में प्रस्तुत किए।
न्यायालय ने तीनों मामलों में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 199(ए) के तहत प्रत्येक वाहन मालिक को 25 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। तीन मामलों में कुल जुर्माने की राशि 75 हजार रुपये हुई।
पुलिस की दो टूक—बालिग होने और लाइसेंस बनने से पहले न दें चाबी
सरगुजा पुलिस ने अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों की सुरक्षा को लेकर लापरवाही न बरतें। नाबालिग भारी यातायात और अचानक बनने वाली आपात परिस्थितियों में वाहन को सुरक्षित ढंग से संभालने के लिए पर्याप्त रूप से तैयार नहीं होते। इससे उनकी जान के साथ सड़क पर चलने वाले दूसरे लोगों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ सकती है।
पुलिस ने कहा है कि बच्चे के बालिग होने और वैध ड्राइविंग लाइसेंस प्राप्त करने से पहले उसे वाहन की चाबी न सौंपें। जिले में अंडरएज ड्राइविंग के खिलाफ चेकिंग और कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
कार्रवाई में यातायात शाखा प्रभारी उप निरीक्षक विजय कैवत्य सहित यातायात पुलिस के अन्य अधिकारी-कर्मचारी सक्रिय रहे।

