Sarguja express…. (दीपक सराठे )
अंबिकापुर। भगवती मानव कल्याण संगठन की जिला इकाई अंबिकापुर के तत्वावधान में नगर के माता राजमोहनी भवन, एमजी रोड में आयोजित 24 घंटे का अखंड श्री दुर्गा चालीसा पाठ रविवार को भव्यता के साथ संपन्न हुआ। लगातार 24 घंटे चले धार्मिक आयोजन में संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में नगरवासियों ने शामिल होकर श्री दुर्गा चालीसा पाठ का लाभ लिया। इस दौरान नशामुक्त, मांसाहार मुक्त और चरित्रवान समाज के निर्माण का संदेश भी दिया गया।
अखंड श्री दुर्गा चालीसा पाठ की शुरुआत 29 अगस्त को सुबह 11 बजे हुई थी। आयोजन के दूसरे दिन 30 अगस्त को सुबह 9 बजे शहर में नशामुक्ति सद्भावना रैली निकाली गई। रैली के माध्यम से लोगों को नशे से दूर रहने और स्वस्थ एवं संस्कारवान जीवन अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
सुबह 11 बजे 24 घंटे का अखंड श्री दुर्गा चालीसा पाठ पूर्ण होने के बाद माता भगवती आदिशक्ति जगतजननी जगदंबा एवं परमपूज्य गुरुवर श्री शक्तिपुत्र जी महाराज की आरती की गई। इसके साथ ही धार्मिक आयोजन का समापन हुआ।
भगवती मानव कल्याण संगठन के केंद्रीय महासचिव
अजय अवस्थी ने कहा कि जीवन में आने वाली परेशानियों से घबराने के बजाय धर्म के मार्ग पर चलते हुए उनका सामना करना चाहिए। मनुष्य की वास्तविक समस्या बाहर नहीं, बल्कि उसके अंदर की बुराइयों में है। उन्होंने ‘मन चंगा तो कठौती में गंगा’ का उल्लेख करते हुए कहा कि व्यक्ति को दूसरों पर विजय पाने के बजाय स्वयं की बुराइयों पर विजय प्राप्त करने का प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने संगठन से जुड़े लोगों से नशामुक्त, मांसाहार मुक्त, चरित्रवान और चेतनावान समाज के निर्माण के लिए संगठन की विचारधारा को जिले के साथ पूरे प्रदेश में जन-जन तक पहुंचाने और अधिक से अधिक लोगों को इससे जोड़ने का आह्वान किया। कार्यक्रम के समापन पर संगठन के जिला अध्यक्ष ने आभार प्रदर्शन किया। इस दौरान भगवती मानव कल्याण संगठन से जुड़े पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

नशा शारीरिक, मानसिक और आर्थिक क्षति का कारण : अजय अवस्थी
कार्यक्रम में उपस्थित भगवती मानव कल्याण संगठन के केंद्रीय महासचिव अजय अवस्थी ने कहा कि वर्तमान समय में नशा एक बड़ी महामारी का रूप ले चुका है और इसे जीवन से दूर करना ही हितकारी है। नशे के कारण मनुष्य पतन की ओर बढ़ रहा है। इससे व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक नुकसान के साथ आर्थिक क्षति भी उठानी पड़ती है। ऐसे आयोजनों का उद्देश्य समाज को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए लोगों को इससे दूर रहने के लिए प्रेरित करना है।
उन्होंने कहा कि मनुष्य जीवन का निश्चित उद्देश्य है। परमपूज्य गुरुवर श्री द्वारा प्रत्येक मनुष्य के तीन प्रमुख कर्तव्य बताए गए हैं- धर्म की रक्षा, राष्ट्र की रक्षा और मानवता की सेवा। प्रत्येक व्यक्ति को इन कर्तव्यों को अपने जीवन में धारण करना चाहिए।
स्वयं की बुराइयों पर विजय पाने की जरूरत

