संरक्षण और भोजन पानी के लिए करोड़ों खर्च… फिर भी तमोर पिंगला अभ्यारण के क्षेत्र में वन्यजीव बूंद- बूंद पानी को तरसे….पानी के लिए भटक कर पहुंच रहे गांव की ओर…. रेंजर को कोई लेना-देना नहीं… 15 दिन में एक बार पहुंच कर लगाते हैं हाजिरी
अम्बिकापुर। सुदूर वनांचल क्षेत्र तमोर पिंगला रमकोला के जंगल में इन दिनों शासन प्रशासन की लापरवाही एवं वन विभाग के
