Sarguja express……
टीएस सिंहदेव ने दिवंगत अध्यक्षों के परिजनों को शाल-श्रीफल देकर किया सम्मानित
अंबिकापुर। स्वतंत्रता दिवस की 79वीं वर्षगांठ पर सरगुजा जिला कांग्रेस कमेटी ने अपने पूर्व जिलाध्यक्षों और उनके योगदान को याद करने के लिए राजीव भवन में ‘पुरखा के सुरता’ कार्यक्रम आयोजित किया। ध्वजारोहण के बाद पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव के मुख्य आतिथ्य में आयोजित कार्यक्रम में आजादी के बाद से अब तक जिला कांग्रेस अध्यक्ष का दायित्व संभालने वाले 14 नेताओं के छायाचित्रों का अनावरण किया गया। इस अवसर पर दिवंगत जिलाध्यक्षों के परिजनों को विशेष रूप से आमंत्रित कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की पृष्ठभूमि बताते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने कहा कि ‘पुरखा के सुरता’ कार्यक्रम की पहल का श्रेय अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य आदित्येश्वर शरण सिंहदेव को जाता है। उन्होंने बताया कि ‘पुरखा के सुरता’ पूर्वजों के स्मरण से जुड़ा भावपूर्ण शीर्षक है। छत्तीसगढ़ के लोककला मंच, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और साहित्य में इसका विशेष महत्व है। यह अपनी माटी, संस्कृति और परंपरा में पूर्वजों के योगदान को याद करने का प्रतीक है।
दिवंगत जिलाध्यक्षों के परिजनों का सम्मान
कार्यक्रम में पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने दिवंगत जिला कांग्रेस अध्यक्षों के परिजनों को शाल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। जिला कांग्रेस कमेटी के प्रथम अध्यक्ष स्व. सरदार किशन सिंह बाबरा की ओर से सरदार भूपेंद्र सिंह बाबरा, स्व. डॉ. डीपी गुप्ता की ओर से गोपाल केशरी और सुधांशु केशरी, स्व. ताराचंद अग्रवाल की ओर से अजय अग्रवाल, स्व. डॉ. राजेश्वरी त्रिपाठी की ओर से प्रमोद त्रिपाठी तथा स्व. सुरेंद्र सिन्हा की ओर से रवि सिन्हा ने सम्मान ग्रहण किया।
राजमाता स्व. देवेंद्र कुमारी सिंहदेव की ओर से स्वयं टीएस सिंहदेव ने वर्तमान जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक के हाथों सम्मान ग्रहण किया। कार्यक्रम के दौरान अजय अग्रवाल, बालकृष्ण पाठक और राकेश गुप्ता को भी सम्मानित किया गया।
‘पीढ़ियां बदलेंगी, सरगुजा कांग्रेस का गौरव कायम रखना होगा’
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए टीएस सिंहदेव ने कहा कि दिवंगत और वर्तमान जिलाध्यक्षों के मार्गदर्शन में सरगुजा जिला कांग्रेस कमेटी ने अभूतपूर्व सफलताएं प्राप्त की हैं। समय के साथ पीढ़ियां बदलती हैं, लेकिन आने वाली पीढ़ियों की जिम्मेदारी है कि वे सरगुजा क्षेत्र में संगठन के इस गौरव और परंपरा को कायम रखें।
14 अध्यक्ष, 18 कार्यकाल और दशकों का सफर
आजादी के बाद अविभाजित सरगुजा से लेकर जिले के वर्तमान स्वरूप तक कांग्रेस जिलाध्यक्ष का पद 14 नेताओं ने कुल 18 कार्यकाल में संभाला। वर्ष 1997 तक अविभाजित रहे सरगुजा जिले का क्षेत्र वर्तमान में सरगुजा, सूरजपुर, बलरामपुर, कोरिया और एमसीबी जिलों में विभाजित हो चुका है।
जिला कांग्रेस अध्यक्षों में क्रमशः स्व. सरदार किशन सिंह बाबरा, अधिवक्ता स्व. कृष्ण नारायण शेष, स्व. डॉ. डीपी गुप्ता, स्व. विजेंद्र लाल गुप्ता, स्व. ताराचंद अग्रवाल, स्व. समर बहादुर सिंह, स्व. फूलचंद संपरिया, स्व. डॉ. राजेश्वरी त्रिपाठी, अधिवक्ता स्व. सुरेंद्र सिन्हा, राजमाता स्व. देवेंद्र कुमारी सिंहदेव, स्व. उमेश्वर शरण सिंहदेव, अजय अग्रवाल, बालकृष्ण पाठक और राकेश गुप्ता शामिल हैं।
इनमें राजमाता स्व. देवेंद्र कुमारी सिंहदेव और स्व. उमेश्वर शरण सिंहदेव ने दो-दो कार्यकाल तथा बालकृष्ण पाठक ने तीन बार जिलाध्यक्ष का दायित्व संभाला। वर्तमान में बालकृष्ण पाठक सरगुजा जिला कांग्रेस अध्यक्ष हैं। सभी पूर्व एवं वर्तमान जिलाध्यक्षों के छायाचित्र राजीव भवन के सभाकक्ष में लगाए गए हैं।








