Sarguja express

अंबिकापुर। अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई), नई दिल्ली द्वारा शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज, अंबिकापुर में शैक्षणिक सत्र 2026–27 से नए तकनीकी एवं प्रबंधन पाठ्यक्रमों के संचालन की स्वीकृति प्रदान की गई है। यह महत्वपूर्ण उपलब्धि सरगुजा लोकसभा क्षेत्र के माननीय सांसद श्री चिंतामणि महाराज जी की पहल एवं प्रयासों से संभव हो पाई है।
स्वीकृति के अंतर्गत कॉलेज में पहली बार एमबीए पाठ्यक्रम (30 सीटें) की शुरुआत की जा रही है। इसके साथ ही वर्किंग प्रोफेशनल्स को ध्यान में रखते हुए बी.टेक (30 सीटें) एवं एम.टेक (15 सीटें) के विशेष कार्यक्रमों को भी मंजूरी दी गई है। एम.टेक में सिविल इंजीनियरिंग, पावर सिस्टम एवं कंट्रोल तथा माइनिंग इंजीनियरिंग विषय स्वीकृत किए गए हैं। वहीं बी.टेक में सिविल, इलेक्ट्रिकल एवं माइनिंग इंजीनियरिंग का संचालन निर्धारित प्रवेश क्षमता के अनुसार किया जाएगा।
इन नए पाठ्यक्रमों के शुरू होने से सरगुजा अंचल के विद्यार्थियों को अपने क्षेत्र में ही उच्च गुणवत्ता वाली तकनीकी एवं प्रबंधन शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। विशेष रूप से पीडब्ल्यूडी, बीएसएनएल, सिंचाई विभाग, माइनिंग सेक्टर सहित विभिन्न विभागों में कार्यरत कर्मचारियों को अपने कार्यस्थल के समीप ही पार्ट-टाइम अथवा वर्किंग प्रोफेशनल शिक्षा हासिल करने की सुविधा मिलेगी।
इस पहल से जनजातीय क्षेत्र में रोजगारोन्मुख शिक्षा, कौशल विकास तथा मानव संसाधन निर्माण को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही विद्यार्थियों को बाहर जाकर पढ़ाई करने की आवश्यकता कम होगी, जिससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी।
कॉलेज प्रबंधन ने इसे सरगुजा अंचल में तकनीकी एवं प्रबंधन शिक्षा के सुदृढ़ीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं दूरदर्शी कदम बताया है। इस उपलब्धि पर शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राम नारायण खरे ने समस्त प्राध्यापकों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए भविष्य में शैक्षणिक गुणवत्ता को और बेहतर बनाने की प्रतिबद्धता जताई।

