Sarguja express
अंबिकापुर। कार खरीदने वाले उपभोक्ताओं से ठगी का एक नया तरीका सामने आया है, जिसमें कार विक्रेता निर्धारित इंश्योरेंस प्रीमियम से अधिक राशि वसूल कर रहे हैं और मांगने पर भी अतिरिक्त रकम वापस नहीं कर रहे। ऐसा ही एक मामला छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध कार विक्रेता मौसाजी किया, बिलासपुर से जुड़ा सामने आया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार विक्रेताओं द्वारा बिक्री के दौरान ग्राहकों को अधिक इंश्योरेंस प्रीमियम का कोटेशन दिया जाता है। अधिकांश ग्राहक बैंक फाइनेंस के माध्यम से कार खरीदते हैं और विक्रेता द्वारा दिए गए कोटेशन के आधार पर बैंक से भुगतान कर दिया जाता है। कार की डिलीवरी के बाद आमतौर पर उपभोक्ता बिल, आरटीओ शुल्क और इंश्योरेंस राशि का मिलान नहीं करता, जिसका फायदा उठाकर विक्रेता अतिरिक्त राशि अपने पास रख लेते हैं।
हाल ही में एक उपभोक्ता द्वारा खरीदी गई किया सोनेट कार के कोटेशन में 45,072 रुपये का इंश्योरेंस प्रीमियम जोड़ा गया, जबकि डिलीवरी के समय दी गई इंश्योरेंस पॉलिसी मात्र 33,674 रुपये की थी। इस प्रकार उपभोक्ता से 11,398 रुपये अतिरिक्त वसूल किए गए। जब उपभोक्ता ने अतिरिक्त राशि लौटाने की मांग की तो विक्रेता ने साफ इनकार कर दिया और कहा कि प्रतिदिन 10 से 15 गाड़ियां बेची जाती हैं और किसी ने इस तरह की शिकायत नहीं की।
पीड़ित उपभोक्ता हनुमान मल डागा ने बताया कि इस मामले की जानकारी किया इंडिया के एरिया सेल्स ऑफिसर श्री रोहित कांटेवाल एवं किया इंडिया ग्राहक सेवा केंद्र को भी दी गई, लेकिन कहीं से कोई ठोस समाधान नहीं मिला। उल्टे ग्राहक सेवा केंद्र द्वारा डीलर के पक्ष में ही उपभोक्ता को समझाने का प्रयास किया गया।
निराश होकर उपभोक्ता ने दिनांक 19 दिसंबर को अंबिकापुर न्यायालय में मामला दर्ज कराया है। उपभोक्ता को उम्मीद है कि न्यायालय के माध्यम से उसे न्याय मिलेगा और इस तरह की कथित ठगी पर रोक लगेगी।

